नशा सिर्फ एक खराब आदत नहीं, बल्कि जिंदगी की खुशियों, परिवार के सुकून और भविष्य के सपनों को निगलने वाला धोखा है। एक बार इसकी गिरफ्त में आने के बाद व्यक्ति का स्वास्थ्य ही नहीं, उसका परिवार, आर्थिक स्थिति और सामाजिक जीवन भी प्रभावित होने लगता है।
राजधानी के शैक्षिकण संस्थान इसी खतरे को समझते हुए युवाओं को नशे से दूर रखने की मुहिम चला रहे हैं। लखनऊ विश्वविद्यालय, ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, एकेटीयू, नेशनल पीजी कालेज और अमीनाबाद इंटर कॉलेज समेत कई संस्थान पोस्टर, रैली, संवाद, विशेष व्याख्यान और नुक्कड़ नाटक के जरिए छात्र-छात्राओं को जागरूक कर रहे हैं। संदेश साफ है, नशे को जीवन का हिस्सा नहीं, जीवन की राह में सबसे बड़ी बाधा समझकर उससे दूरी बनाएं।
शहर के विभिन्न इलाकों में दुकानदारों को पम्फलेट वितरित कर लोगों को नशे से होने वाले नुकसान की जानकारी दी गई। नशा मुक्ति भारत अभियान के तहत सात पोस्टर जारी किए गए। इसके अलावा जागरूकता वाहन रवाना कर लोगों तक नशे के खिलाफ संदेश पहुंचाया गया। विशेष व्याख्यानों के माध्यम से भी युवाओं से नशे से दूर रहकर स्वस्थ और बेहतर भविष्य बनाने का आह्वान किया गया।
ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में भी लगातार नशा मुक्ति अभियान चलाया जा रहा है। एनएसएस समन्वयक डा. नलिनी मिश्रा के मुताबिक विश्वविद्यालय की ओर से नशे के खिलाफ जागरुकता अभियान चलाया जा रहा है। छात्र-छात्राएं और स्वयंसेवक हास्टल से लेकर आसपास के गांवों तक पहुंचकर लोगों से शराब, पान मसाला और गुटखा आदि का सेवन न करने की अपील कर रहे हैं।
विशेष व्याख्यान, जागरुकता सत्र और रैलियों के जरिए नशे के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक नुकसान बताए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय परिसर में नशे का सेवन करने पर 500 रुपये जुर्माने का भी प्रविधान किया गया है।डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (एकेटीयू) भी कुलपति प्रो. जेपी पांडेय के नेतृत्व में नशे के खिलाफ जागरुकता अभियान चला रहा है। छात्र-छात्राओं, शिक्षकों व कर्मचारियों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही साइकिल रैली निकालकर नशा न करने का संदेश दिया गया। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों को प्रभावी ढंग से सामने लाया गया, ताकि युवा इसके खतरों को समझें और इससे दूरी बनाए रखें।नगर निगम की ओर से संचालित अमीनाबाद इंटर कॉलेज में भी नशा मुक्ति को लेकर लगातार जागरुकता अभियान चलाया जा रहा है। प्रधानाचार्य साहब लाल मिश्रा ने बताया कि शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाकर उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रेरित किया जा रहा है। अब हर बुधवार को विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई जाएगी।
