कोटा के हॉस्टल में RTU के 19 वर्षीय छात्र की मौत, लापरवाही के आरोप में छात्रों का प्रदर्शन
कोटा: राजस्थान टेक्निकल यूनिवर्सिटी (RTU) के एक 19 वर्षीय छात्र की गुरुवार सुबह हॉस्टल के कमरे में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद विश्वविद्यालय परिसर में छात्रों ने प्रदर्शन किया और मुख्य वार्डन को हटाने के साथ-साथ मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की।
मृतक की पहचान अक्षित शर्मा के रूप में हुई है। वह आईटी (IT) प्रथम वर्ष का छात्र था और जयपुर के झोटवाड़ा का रहने वाला था।
कैंपस के वरिष्ठ छात्रों के अनुसार, अक्षित को कथित तौर पर सांप ने काट लिया था, जिसके बाद वह बेहोश हो गया। छात्रों का आरोप है कि उसे समय पर चिकित्सा सहायता नहीं मिली। हालांकि, मुख्य वार्डन डी.के. यादव ने सांप के काटने की आशंका को खारिज करते हुए कहा कि मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा।
हॉस्टल के कमरे में मिला छात्र
जानकारी के मुताबिक, अक्षित भास्कर भवन के H-4 हॉस्टल के कमरा नंबर 61 में दो अन्य छात्रों के साथ रहता था। बुधवार को उसने विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित एक कार्यक्रम में हिस्सा लिया, रात में खाना खाया और अपने कमरे में सोने चला गया।
गुरुवार सुबह जब अक्षित नहीं उठा, तो उसके रूममेट्स ने अन्य छात्रों और मुख्य वार्डन डी.के. यादव को इसकी जानकारी दी।
मुख्य वार्डन यादव ने बताया कि सूचना मिलने के करीब 15 मिनट के भीतर वह और विश्वविद्यालय के कुलपति घटनास्थल पर पहुंच गए। इसके बाद डॉक्टरों को बुलाकर अक्षित की जांच कराई गई। उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस उपाधीक्षक (DSP) मनीष शर्मा ने भी कहा कि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल सकेगी।
प्रशासन पर लापरवाही का आरोप
छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका दावा है कि मुख्य वार्डन घटनास्थल पर करीब एक घंटे की देरी से पहुंचे। छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि अक्षित की हालत बिगड़ने और उसके हाथ नीले पड़ने के बावजूद एंबुलेंस को मुख्य गेट पर करीब 30 मिनट तक जांच के नाम पर रोके रखा गया।
हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि की जानकारी रिपोर्ट में नहीं दी गई है।
मुख्य गेट बंद कर छात्रों ने दिया धरना
घटना से आक्रोशित छात्रों ने विश्वविद्यालय का मुख्य गेट बंद कर धरना दिया। उन्होंने मुख्य वार्डन को हटाने और मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की। बाद में दोपहर के समय प्रदर्शन समाप्त कराने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने परिसर की अन्य समस्याएं भी उठाईं। उनका कहना था कि कैंपस की डिस्पेंसरी दोपहर 2 बजे बंद हो जाती है और वहां अक्सर डॉक्टर उपलब्ध नहीं रहते। छात्रों ने परिसर में बार-बार सांप दिखाई देने की समस्या का भी जिक्र किया।
छात्रों ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा।
मौत की वजह पर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। सांप के काटने और समय पर इलाज नहीं मिलने से जुड़े दावे छात्रों के आरोप हैं। मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संबंधित जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
