राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद के बीच सीएम योगी के अयोध्या दौरे पर सपा प्रमुख अखिलेश यदव ने तंज कसा। पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने सीएम योगी का बिना नाम लिए कहा, ‘अयोध्या की किसी की रिकॉर्ड-तोड़ यात्राओं’ की पड़ताल के लिए भी एक एसआईटी (विशेष जांच दल) का गठन होना चाहिए।

सपा प्रमुख ने परोक्ष रूप से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर हमला करते हुये अपने ‘एक्स’ खाते पर एक पोस्ट में कहा एक एसआईटी, किसी की रिकॉर्ड तोड़ ‘अयोध्या’ यात्राओं की पड़ताल के लिए भी बनानी चाहिए। अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर में दान पात्र और वित्तीय प्रबंधन में गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद पहली बार अयोध्‍या के दौरे पर शुक्रवार को पहुंचे योगी ने समाजवादी पार्टी पर रामभक्तों पर गोलियां चलवाने और जय श्रीराम का नारा लगाने पर लाठियां भाजने का आरोप लगाया। सात जून को अखिलेश यादव ने मीडिया रिपोर्ट्स का हवाला देते हुए दावा किया था कि मंदिर को मिले दान के करोड़ों रुपये गायब हैं। उन्होंने अदालतों से मामले का संज्ञान लेने का आग्रह किया था। मंदिर के दानपात्र के गबन और वित्तीय कुप्रबंधन से जुड़े आरोपों की जांच के श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अनुरोध पर योगी आदित्‍यनाथ ने लखनऊ के मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत के नेतृत्व में 13 जून को तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया था।

अयोध्या पहुंचे सीएम योगी आदित्यनाथ ने सपा और कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला। सीएम योगी ने रामभक्‍तों को भरोसा दिलाते हुए कहा, एसआईटी जांच दूध का दूध और पानी का पानी कर देगी। राम मंदिर के लिए 500 वर्षों के संघर्ष का इतिहास दोहराते हुए योगी ने कहा कि हम लोगों के पूर्वजों ने पांच सौ वर्षों तक प्रभु राम के स्‍थान को लेने के लिए संघर्ष किया है तो 15 दिन और देख लो, चिंता मत करो।’

मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने शुक्रवार को अयोध्‍या के रुदौली विधानसभा क्षेत्र में 378 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय एवं चिकित्‍सालय समेत 126 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्‍यास किया। योगी ने वीरांगना झलकारी बाई की अश्‍वारोही प्रतिमा का अनावरण करने के बाद समारोह को संबोधित करते हुए कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के मार्गदर्शन मे पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने जो प्रगति की है, वह सामाजिक एकता और सबके सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।’

0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *