
“महिलाओं की प्रवृत्ति स्वभाव से ही बचत की होती है, सही वित्तीय ज्ञान इसे सशक्त आर्थिक शक्ति में बदल देता है” — कुलपति प्रो. डॉ. हिमांशु ऐरन
विजडम इंडिया संवाददाता।
रास बिहारी बोस सुभारती विश्वविद्यालय, देहरादून में स्नातक एवं स्नातकोत्तर छात्राओं के लिए वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम का भव्य एवं उद्देश्यपूर्ण आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन मिराए एसेट म्यूचुअल फंड के सहयोग से ऑल इंडिया कंज़्यूमर एंड वेलफेयर ट्रस्ट द्वारा किया गया। कार्यक्रम का समन्वय ट्रस्ट के महासचिव डॉ. संजय अग्रवाल के मार्गदर्शन तथा मिराए एसेट म्यूचुअल फंड के क्षेत्रीय प्रबंधक श्री सुमित चौधरी द्वारा किया गया।

कार्यक्रम विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. डॉ. हिमांशु ऐरन के संरक्षण में संपन्न हुआ। समापन सत्र में प्रो-वाइस चांसलर डॉ. देश दीपक एवं रजिस्ट्रार खालिद हसन ने कुलपति के साथ संयुक्त रूप से कार्यक्रम के संचालकों एवं वक्ताओं का स्वागत एवं सम्मान किया।
कार्यक्रम की केंद्रीय थीम वित्तीय साक्षरता एवं महिला सशक्तिकरण रही। डॉ. संजय अग्रवाल ने उपभोक्ता जागरूकता, वित्तीय अनुशासन और जिम्मेदार आर्थिक व्यवहार के महत्व पर प्रकाश डाला। वहीं श्री सुमित चौधरी ने म्यूचुअल फंड, निवेश योजना, जोखिम प्रबंधन तथा दीर्घकालिक संपत्ति निर्माण से संबंधित व्यावहारिक जानकारियाँ साझा कीं।

अपने प्रेरक संबोधन में कुलपति प्रो. डॉ. हिमांशु ऐरन ने कहा कि महिलाओं में स्वाभाविक रूप से बचत की प्रवृत्ति होती है, जो पारिवारिक और सामाजिक आर्थिक स्थिरता की मजबूत नींव है। यदि इस प्रवृत्ति को वैज्ञानिक वित्तीय शिक्षा और सही निवेश समझ से जोड़ा जाए, तो महिलाएँ न केवल आत्मनिर्भर बनेंगी, बल्कि देश की आर्थिक उन्नति में भी निर्णायक भूमिका निभाएँगी।
कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को वित्तीय रूप से जागरूक बनाना, सुदृढ़ वित्तीय योजना की समझ विकसित करना तथा उन्हें आत्मविश्वास के साथ आर्थिक निर्णय लेने के लिए सक्षम बनाना रहा। छात्राओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने कार्यक्रम को अत्यंत सफल और सार्थक सिद्ध किया।

कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के विभिन्न शैक्षणिक एवं प्रशासनिक पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर डॉ. सलोनी गर्ग, सुश्री नितिका कौशल, श्री नितिन आर्य, सुश्री वंशिका काला तथा श्री शील शुक्ला की गरिमामयी उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई और इसे अकादमिक दृष्टि से और अधिक सुदृढ़ बनाया।
