
विजडम इंडिया संवाददाता।
देहरादून, 21 जनवरी 2026-
रास बिहारी बोस सुभारती विश्वविद्यालय के अन्तर्गत आने वाले गौतम बुद्ध चिकित्सा महाविद्यालय एवं सुभारती अस्पताल झाझरा परिसर में “राष्ट्र बोध” विषय पर परिचयात्मक व्याख्यान का आयोजन गरिमामय वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

कार्यक्रम का शुभारंभ अपराह्न 02:00 बजे गणमान्य अतिथियों के स्वागत से हुआ। इस अवसर पर माननीय मुख्य अतिथि श्री धनंजय जी, विभाग प्रचारक, राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ, उत्तराखण्ड को शॉल एवं पौधा भेंट कर अभिनंदन किया गया। इसके पश्चात दीप प्रज्ज्वलन एवं भारत माता को पुष्पांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एम०टी०वी० बी०आर० और सि०टी० एवं रास बिहारी बोस सुभारती विश्वविद्यालय के संस्थापक एवं अध्यक्ष माननीय डॉ. अतुल कृष्ण ने रास बिहारी बोस की पुण्यतिथि के अवसर पर विश्वविद्यालय द्वारा चलाये जा रहे मुल्य वर्धित पाठयक्रम राष्ट्र बोध की उपयोगिता एवं अनिवार्यता से अवगत कराया। सम्बोधन के अर्न्तगत उन्होंने रास बिहारी बोस के द्वारा राष्ट्र के लिए किये गये कार्यों एवं गौतम बुद्ध के जीवन पर प्रकाश डाला और जय हिंद के नारे के बारे में बताया । श्री धनंजय जी ने सभा को सम्बोधित करते हुए राष्ट्र के बारे में बताया और पुरुषोत्तम राम के बारे में कहा कि उनके जैसा शासक नही हुआ है।

इस अवसर पर एम०टी०वी० बी०आर० और सि०टी० के निदेशक डॉ (ब्रिगेडियर) बी०पी० सिंह, गौतम बुद्ध चिकित्सा महाविद्यालय से डॉ एके० मेहता (प्रधानाचार्य), डॉ रूपा हंसपाल (उपप्रधानाचार्य), सुभारती अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ (कर्नल) राहुल शुक्ला एवं श्री लाल जी अस्थाना, प्रधान वार्डन की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिन्होंने इस पहल को विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
डॉ. राजेश तिवारी, विभागाध्यक्ष, संस्कृति विभाग ने राष्ट्र बोध एवं संस्कृति विभाग का परिचय देते हुए माननीय मुख्य अतिथि का औपचारिक परिचय प्रस्तुत किया। इसके उपरांत माननीय मुख्य अतिथि श्री धनंजय जी ने अपने संबोधन में शिक्षा, संस्कृति और युवाओं की भूमिका को राष्ट्र निर्माण की आधारशिला बताते हुए “राष्ट्र बोध” जैसे पाठ्यक्रम को समय की आवश्यकता बताया।

कार्यक्रम का संचालन संस्कृति विभाग, रास बिहारी बोस सुभारती विश्व विद्यालय देहरादून द्वारा किया गया। इस अवसर पर गौतम बुद्ध चिकित्सा महाविद्यालय एवं सुभारती अस्पताल झाझरा के अधिकारीगण, शिक्षक, विद्यार्थी एवं बड़ी संख्या में गणमान्य श्रोता उपस्थित रहे।
