भारतीय जनता पार्टी नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की ऐतिहासिक जीत के बाद बिहार में सरकार गठन और शपथ ग्रहण को लेकर तैयारियां चरम पर है। सूत्रों के अनुसार 20 नवंबर को गांधी मैदान में होने वाले इस शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां शुरू हो गई है। इन सब के बीच बिहार में मिली प्रचंड जीत से भाजपा का उत्साह सातवें आसमान पर है। भाजपा 89 सीटों के साथ राज्य में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। ऐसे में अब सबकी निगाहें भाजपा के बहुप्रतीक्षित फैसलों में से एक, नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाम की घोषणा पर जा टिकी हैं।

इससे पहले नए अध्यक्ष के नाम की घोषणा को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले बड़ा बयान दिया था। रक्षा मंत्री ने कहा था कि बिहार चुनाव खत्म होते ही पार्टी अध्यक्ष के नाम का ऐलान कर देगी। राजनाथ सिंह ने इस दौरान यह भी स्पष्ट किया था कि अध्यक्ष चुनने में पार्टी के सामने कोई बाधा नहीं है और इसे लेकर पार्टी और संघ के बीच कोई मतभेद नहीं है।

बता दें कि जेपी नड्डा जनवरी 2020 से ही पार्टी की कमान संभाल रहे हैं। उनका कार्यकाल जून 2023 में पूरा हो गया था, लेकिन नड्डा को 2024 के लोकसभा चुनावों के लिए प्रारंभिक विस्तार दिया गया था। इसके बाद महत्वपूर्ण चुनावी मुकाबलों के दौरान स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए कार्यकाल को फिर से बढ़ा दिया गया था। हालांकि अब उनके उत्तराधिकारी के नाम से पर्दा हटने में हो रही देरी पार्टी सदस्यों में बढ़ती बेचैनी का कारण बन रहा है।

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के लिए जिन नेताओं के नामों पर चर्चा हो रही है उनमें केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, शिवराज सिंह चौहान, धर्मेंद्र प्रधान और भूपेंद्र यादव के नाम शामिल हैं।

वहीं यह चर्चाएं भी हैं कि बीजेपी को पहली बार महिला अध्यक्ष मिल सकती है। इसके लिए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, पूर्व केंद्रीय मंत्री एन टी रामा राव की बेटी डी पुरंदेश्वरी, भाजपा महिला मोर्चा की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुकीं वनाथी श्रीनिवासन के नाम चर्चा में हैं।

0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *