ITBP डीजी का चीन वाला बयान सुन बोले अभिजीत दीपके- ‘सुरक्षाबलों का इस्तेमाल दिल्ली में…’
आईटीबीपी के डीजी ने अरुणाचल प्रदेश के बॉर्डर पर चीनी सैनिकों के साथ टकराव को लेकर बयान दिया है. इस बयान पर सीजेपी नेता अभिजीत दीपके ने रिएक्ट किया है.
आईटीबीपी के डीजी शत्रुजीत कपूर ने अपने बयाने में कहा है कि पिछले कुछ महीनों में अरुणाचल प्रदेश में चीन और भारत के सैनिक आमने-सामने आए थे. कई जगह टकराव की स्थिति भी बनी थी. डीजी के इस बयान के बाद विपक्ष ने केंद्र सरकार को आड़े हाथ ले लिया है. सीजेपी नेता अभिजीत दीपके ने अब सरकार पर हमला बोला है.
अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर किया है. दीपके ने लिखा, ”हां, क्योंकि जिन सुरक्षा बलों को हमारी सीमाओं की रक्षा करनी चाहिए, उन्हें नागरिकों के विरोध-प्रदर्शन को रोकने के लिए तैनात किया जा रहा है.”
दिल्ली को एक किले में बदला
उन्होंने आगे लिखा, मोदी अपने ही देशवासियों के खिलाफ सुरक्षा बलों का इस्तेमाल करके राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डाल रहे हैं. प्राथमिकता हमारी सीमाओं को सुरक्षित करने की होनी चाहिए, न कि शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शनों को दबाने के लिए दिल्ली को एक किले में बदलने की.
दीपके से पहले कांग्रेस ने भी सरकार पर निशाना साधा है. कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने सरकार से सवाल पूछा है.उन्होंने कहा, सीमा पर जारी तनाव के बावजूद चीन के प्रति यह नरमी और आर्थिक मोर्चे पर बढ़ती निर्भरता आखिर किस तरह का राष्ट्रवाद है? देश को 56 इंच की छाती के खोखले दावे नहीं, राष्ट्रीय सुरक्षा पर स्पष्ट जवाब चाहिए.
डीजी ने दिया ये बयान
डीजी ने बयान में कहा,जुलाई के अंत से अरुणाचल प्रदेश में ऊपरी सुबनसिरी जिले के असाफिला और माजा इलाके में तनाव बना हुआ है. भारत ने सीमा पर अपनी तैनाती बढ़ा दी है. चीन से पारंपरिक युद्ध तरीकों से मुकाबला करने का दौर बीत चुका है, इसलिए बल अपने जवानों, हथियारों, वाहनों और सीमा चौकियों के आधुनिकीकरण में निवेश कर रहा है.
उन्होंने कहा, ड्रोन आने के बाद पारंपरिक सेनाओं की भूमिका बदल गई है और हमें बड़े पैमाने पर ड्रोन तथा ड्रोन-रोधी प्रणालियां अपनानी होंगी.

