अंतरराष्ट्रीय मातृ भाषा को समर्पित एक रंगारंग सांस्कृतिक समारोह का आयोजन हुआ। यह कार्यक्रम शहीद बिशन सिंह मेमोरियल सीनियर सेकंडरी स्कूल, मानसरोवर गार्डन, नई दिल्ली में दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित किया गया। इस समारोह का मुख्य उद्देश्य पंजाबी मातृ भाषा के महत्व को उजागर करना और नई पीढ़ी को अपनी भाषा और संस्कृति से जोड़ना था।

प्रोग्राम में विद्यार्थियों, कलाकारों और समाज के प्रमुख सदस्यों ने उत्साह से भाग लिया। इस समारोह का मुख्य आकर्षण पंजाबी कविता पाठ, पंजाबी नाटक प्रस्तुति, लोकगीत और लोक नृत्य रहे। जिनमें विभिन्न विद्यार्थी, कलाकारों ने हिस्सा लिया।
इस मौके मनप्रीत कौर, समीक्षा, अमनदीप कौर और गगनप्रीत कौर ने अपनी कविताओं की प्रस्तुति की। परनीत कौर ने कविता पेश करने के साथ-साथ पंजाबी भाषा इतिहास और साहित्य के बारे में प्रकाश डाला। मनप्रीत कौर ने पंजाबी लोकगीतों की विभिन्न प्रस्तुतियाँ पेश कीं और साथ ही सिमरन रंधावा और गगनदीप ने पंजाबी बोली और संस्कृति से संबंधित खूबसूरत स्किट पेश किए।
मंच का संचालन जसलीन कौर और मनप्रीत कौर द्वारा किया गया। इसके साथ ही मातृ भाषा विषय पर भाषण और विचार-विमर्श भी करवाया गया। जिस दौरान भागीदारों ने अपनी कला के माध्यम से पंजाबी संस्कृति की रूह और विरासत को सुंदर ढंग से पेश किया। कनाडा से शिरकत करके आए असीसप्रीत कौर ने विदेशों में पंजाबी भाषा और पंजाबियों की भाषाई कठिनाइयों के बारे में जानकारी दी। दर्शकों द्वारा भी कार्यक्रम को भरपूर सराहना मिली।
आयोजकों ने अपने संबोधन में कहा कि मातृ भाषा हमारी पहचान, संस्कृति और संस्कारों की नींव है। पंजाबी भाषा को घर-घर तक पहुंचाना और नई पीढ़ी में इसके प्रति गर्व की भावना जगाना समय की आवश्यकता है। डॉ. अवनीत कौर भाटिया ने घर में बच्चों के साथ पंजाबी पढ़ने, लिखने और बोलने के महत्व पर जोर दिया।
समारोह के अंत में सभी उपस्थित लोगों द्वारा पैंती अक्षर लिखकर पंजाबी बोली को सम्मान भेंट किया गया और साथ ही भागीदारों को प्रशंसा पत्र प्रदान किए गए और सभी का धन्यवाद किया गया।
