बता दें कि मोरक्को में 99 फीसदी से अधिक आबादी सुन्नी मुस्लिमों की है, और 0.1 प्रतिशत से कम आबादी शिया मुस्लिमों की है। कुल आबादी का 1 प्रतिशत से कम हिस्सा बनाने वाले समूहों में ईसाई, यहूदी और बहाई भी शामिल हैं।

चैंपियंस ट्रॉफी में मेजबान पाकिस्तान शर्मसार होकर बाहर हो गया। आज पाकिस्तान का बांग्लादेश से मैच था, वो भी बारिश के कारण धुल गया। इस तरह मेजबान पाकिस्तान पूरे टूर्नामेंट बिना एक भी जीत के बाहर हो गई। टीम के प्रदर्शन को लेकर पाकिस्तानी आवाम में काफी गुस्सा है। खुद प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी आगबबूला हैं। उनके राजनीतिक और जनसंपर्क मामलों के सलाहकार राणा सनाउल्लाह ने कहा है कि आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में पाकिस्तान की शर्मनाक हार और टूर्नामेंट से शुरुआती बाहर होने का सरकार ने संज्ञान लिया है। शहबाज खुद देश की संसद को इस मामले में संबोधित करेंगे।

एक टीवी चैनल से बातचीत में पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज़ (PML-N) के वरिष्ठ नेता राणा सनाउल्लाह ने बताया कि प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ खुद राष्ट्रीय टीम के प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे। वह इस मुद्दे को कैबिनेट और संसद में उठाएंगे, ताकि

PCB के कामकाज पर भी सवाल

ट्रिब्यून पीके के मुताबिक, राणा सनाउल्लाह ने कहा कि पाकिस्तान

भारी-भरकर सैलरी पर आउटपुट कुछ नहीं

पीएम शहबाज पीसीबी के अधिकारियों को मोटी रकम के बदले कुछ खराब आउटपुट देने को लेकर खासे नाराज हैं। PCB अधिकारियों के वेतन पर पूछे गए सवाल पर राणा सनाउल्लाह ने कहा कि उच्च पदों पर बैठे अधिकारियों को 50 लाख रुपये तक की मासिक तनख्वाह दी जा रही है, लेकिन इस तरह के प्रदर्शन से सवाल उठना लाजमी हैं। उन्होंने यह भी कहा कि कई अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों से अनजान हैं और बिना किसी ठोस काम के मोटी तनख्वाह ले रहे हैं।

PCB के विशेषाधिकारों पर भी सवाल

PCB अधिकारियों को मिलने वाली सुविधाओं और विशेषाधिकारों पर टिप्पणी करते हुए राणा सनाउल्लाह ने हैरानी जताई और कहा कि ऐसा लगता है जैसे वे पाकिस्तान के नहीं, बल्कि किसी विकसित देश के संस्थान से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि PCB में यह समस्या कई वर्षों से बनी हुई है, जहां कुछ लोग सत्ता में आते हैं और फिर अपने हिसाब से फैसले लेते हैं, जिससे पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की स्थिति बदतर होती जा रही है।

चैंपियंस ट्रॉफी में पाक का निराशाजनक प्रदर्शन

गौरतलब है कि 29 साल बाद पाकिस्तान पहली बार किसी ICC टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहा है, लेकिन राष्ट्रीय टीम सिर्फ चार दिनों में ही टूर्नामेंट से बाहर हो गई। पाकिस्तानी टीम को पहले न्यूजीलैंड और फिर चिर-प्रतिद्वंद्वी टीम भारत के खिलाफ करारी हार का सामना करना पड़ा। हालांकि, पाकिस्तान को आज बांग्लादेश के खिलाफ अपना अंतिम मैच खेलना था, लेकिन खराब मौसम के कारण यह मुकाबला रद्द कर दिया गया।

पूर्वी लद्दाख में मिलकर काम करने को तैयार, भारत की सख्ती के बाद चीन को आई अकल

  • पूर्वी लद्दाख में सीमा विवाद को लेकर भारत की सख्ती के बाद चीन के भी तेवर बदल गए हैं। गुरुवार को चीन के रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि उसकी सेना सीमा पर भारत के साथ मिलकर काम करने को तैयार है।

पूर्वी लद्दाख में भारत की दो टूक पर चीन ने अपने तेवर बदलने शुरू कर दिए हैं। चीन के रक्षा मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसकी और भारत की सेनाएं पूर्वी लद्दाख में गतिरोध को समाप्त करने के प्रस्तावों को ‘‘व्यापक और प्रभावी तरीके’’ से लागू कर रही हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हम सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए भारतीय पक्ष के साथ मिलकर काम करने को तैयार हैं।’’

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