यूपी के परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों में पिछले 10 वर्षों से प्रमोशन का इंतजार कर रहे शिक्षकों को दिवाली से पहले तोहफा मिलने वाला है। यूपी के 70 हजार शिक्षकों का योगी सरकार प्रमोशन करेगी। बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से सभी जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों (बीएसए) को निर्देश दिए गए हैं कि वह जिलों में वरिष्ठता सूची तैयार करें।

वर्ष 2016 के बाद परिषदीय प्राथमिक व उच्च प्राथमिक स्कूलों के शिक्षकों की पदोन्नति नहीं हुई। परिषदीय प्राथमिक स्कूलों के शिक्षकों को प्राथमिक स्कूल में प्रधानाध्यापक या उच्च प्राथमिक स्कूल में सहायक अध्यापक पद पर प्रमोशन मिलता है। ऐसे ही परिषदीय प्राथमिक स्कूलों के प्रधानाध्यापक व उच्च प्राथमिक स्कूलों के सहायक अध्यापकों को उच्च प्राथमिक विद्यालयों में प्रधानाध्यापक के पद पर पदोन्नति दी जाती है। कुल 3.30 लाख परिषदीय शिक्षकों में से करीब 70 हजार शिक्षकों को प्रोन्नति का तोहफा मिलेगा। लंबे समय से इंतजार कर रहे शिक्षकों को जल्द पदोन्नति दी जाएगी। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत परिषदीय प्राथमिक स्कूलों में 150 छात्रों पर प्रधानाध्यापक और उच्च प्राथमिक स्कूलों में 100 छात्रों पर प्रधानाध्यापक का पद स्वीकृत किया गया है।

बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव सुरेन्द्र कुमार तिवारी की ओर से सभी जिलों के बीएसए को निर्देश दिए गए हैं कि वह अपने-अपने जिलों में पदोन्नति के लिए शिक्षकों की वरिष्ठता सूची तैयार करें। वरिष्ठता सूची तीन सप्ताह में तैयार किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। बेसिक शिक्षा परिषद के कार्यालय को शिक्षकों की वरिष्ठता सूची 23 अक्तूबर तक भेजनी होगी। उसके बाद नवंबर से पदोन्नति की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की जा रही है। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष शिव शंकर सिंह व प्रदेश मीडिया प्रभारी बृजेश श्रीवास्तव का कहना है कि लंबे समय से शिक्षक पदोन्नति की मांग कर रहे थे। संगठन की ओर से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताया है।
0Shares

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *