निर्माण और सार्वजनिक प्रोजेक्ट्स में क्वालिटी से जुड़ी समस्याओं की खबरों पर चिंता जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केंद्र के सचिवों और राज्यों के मुख्य सचिवों से यह सवाल पूछा कि क्या अब हमें चौथी पार्टी से ऑडिट कराने की जरूरत है?
उन्होंने कहा कि हालांकि काम की क्वालिटी का थर्ड-पार्टी ऑडिट एक आम बात है, लेकिन हो सकता है कि यह उम्मीद के मुताबिक काम न कर रहा हो। मंगलवार को मासिक प्रगति बैठक की अध्यक्षता करते हुए पीएम मोदी ने वरिष्ठ नौकरशाहों से कहा कि ऐसी बातें मंजूर नहीं हैं और सिस्टम इस तरह काम नहीं करेगा।
इसके अलावा, पावर सेक्टर से जुड़े एक प्रोजेक्ट की समीक्षा करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि सिर्फ बिजली का उत्पादन बढ़ाना काफी नहीं है जब तक कि उसके लिए जरूरी ट्रांसमिशन क्षमता न हो। ठीक वैसे ही जैसे नहरें बनाए बिना बांध बनाना मनचाहा नतीजा नहीं देता।
